उत्तर प्रदेश झांसी जन के सुख, शान्ति और समृद्धि के लिए धर्म, अध्यात्म और सनातन संस्कृति का भव्य संगम झाँसी में 4 से 13 दिसम्बर 26 तक
शिव महापुराण
श्रीहनुमंत कथा
झाँसी के समूचे जनमानस की सुख, शान्ति और रामृद्धि के लिए धर्म, अध्यात्म और भारतीय सनातन संस्कृति के प्रति जन-जन को जोड़ने तथा समूचे समाज में आध्यात्मिक चेतना का संदेश पहुँचाने के उदेश्य से झॉसी में दिसम्बर माह में लगातार दस दिनों तक दो भव्य धार्मिक आयोजनों का रागायोजन किया जा रहा है। इस अवसर पर श्रद्धालुओं को देश के सुप्रसिद्ध संतों के श्रीमुख रो आध्यात्मिक कथा एवं धर्मोपदेश सुनने का अवसर प्राप्त होगा।
आयोजक विधायक रवि शर्मा ने आज आयोजित प्रेरा कॉन्फ्रेंस में दोनों धार्मिक आयोजनों की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि 4 दिसम्बर से 13 दिसम्बर 2016 तक झाँसी में धर्म एवं अध्यात्म से जुड़े दो महत्वपूर्ण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इन आयोजनों में झांसी सहित बुन्देलखण्ड और आसपास के क्षेत्रों से बढी संख्या में श्रद्धालुओं के सम्मिलित होने की उम्मीद है।
श्री शिव महापुराण के आयोजन के पश्चात् 11 दिसम्बर से 13 दिसम्बर 2026 तक इसी स्थल पर श्री हनुमंत कथा का आयोजन किया जाएगा। इस अवसर पर स्वनामधन्य श्रद्धेय श्री धीरेन्द्रकृष्ण शास्त्री जी., पीठाधीश्वर श्री श्री 1008 श्री बागेश्वर धाम सरकार के ओजस्वी श्रीमुख से श्री हनुमंत कथा का श्रवण कराया जाएगा।
श्री हनुमान जी भारतीय चनातन परम्परा में भक्ति, सेवा, समर्पण, साहस और प्रभु श्रीराम के प्रति अटूट निष्ठा के प्रतीक माने जाते हैं। श्री हनुमंत कथा के माध्यम से श्रद्धालुओं को भगवान श्रीराम एवं श्री हनुमान जी की भक्ति, धर्म, संस्कार और सेवा के संदेश से जुड़ने का अवसर मिलेगा।
आयोजक विधायक रवि शर्मा ने कहा कि दोनों आयोजन कंवल धार्मिक कार्यक्रम नहीं है. बल्कि झांसी के जनमानस की सुख, शान्ति और समुद्धि की कामना के साथ सनातन संस्कृति, आध्यात्भिक चेतना और सामाजिक एकता का संदेश देने बाले अवसर हैं। इन आयोजनों के माध्यम से नई पीढ़ी को भी भारतीय संस्कृति एवं धार्मिक परम्पराओं से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा।
श्रद्धालुओं से सहभागिता का आहवान……
विधायक रवि शर्मा ने आँसी एवं आसपास के जनपदों के समी श्रद्धालुओं, धर्मप्रेमी नागरिकों और सनातन संस्कृति में आस्था रखने वाले लोगों से दोनों आयोजनों में सहभागी बनने का आश्वान किया।
उन्होंने कहा कि झांसी की चरती धार्मिक एवं ऐतिहासिक दृष्टि से विशेष महत्व रखती है। ऐसी पावन धरती पर संतों के श्रीमुख से कथा श्रवण का अवसर पूरे क्षेत्र के लिए आध्यात्गिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है। उन्होंने सभी श्रद्धालुओं से शान्तिपूर्ण एवं अनुशासित वातावरण में कथा का श्रवण करने तथा आयोजन को सफल बनाने में सहयोग करने की अपील की।
आयोजक मण्डल द्वारा कार्यक्रम में आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए आवश्यक व्यवस्थाएँ सुनिश्चित करने की तैयारी की जा रही है। आयोजन स्थल पर श्रद्धालुओं की सुविधा, बैठने की व्यवस्था तथा अन्य आवश्यक प्रबन्धों को लेकर सम्बन्धित स्तर पर तैयारियों की जा रही हैं।
आठ दिनों तक रहेगा आध्यात्मिक वातावरण……
लगातार आठ दिनों तक होने वाले इन दोनों आयोजनों से झाँसी में धार्मिक एवं आध्यात्मिक वातावरण बनेगा। पहले पाँच दिनों तक श्री शिव महापुराण एवं पार्थिव शिवलिंग निर्माण और उसके बाद तीन दिनों तक श्री हनुमंत कथा का आयोजन होगा।
आयोजक विधायक रवि शर्मा ने कहा कि उनका मुख्य उद्देश्य झाँसी के जनमानस को सुख, शान्ति एवं समृद्धि के लिए ऐसे आध्यात्मिक आयोजनों से जोड़ना है, जहाँ श्रद्धालु कथा श्रवण के साथ-साथ भारतीय संस्कृति, धर्म और जीवन मूल्यों के संदेश को समझ सकें।
उत्तर प्रदेश झांसी जन के सुख, शान्ति और समृद्धि के लिए धर्म, अध्यात्म और सनातन संस्कृति का भव्य संगम झाँसी में 4 से 13 दिसम्बर 26 तक
शिव महापुराण…..
श्रीहनुमंत कथा…..
झाँसी के समूचे जनमानस की सुख, शान्ति और रामृद्धि के लिए धर्म, अध्यात्म और भारतीय सनातन संस्कृति के प्रति जन-जन को जोड़ने तथा समूचे समाज में आध्यात्मिक चेतना का संदेश पहुँचाने के उदेश्य से झॉसी में दिसम्बर माह में लगातार दस दिनों तक दो भव्य धार्मिक आयोजनों का रागायोजन किया जा रहा है। इस अवसर पर श्रद्धालुओं को देश के सुप्रसिद्ध संतों के श्रीमुख रो आध्यात्मिक कथा एवं धर्मोपदेश सुनने का अवसर प्राप्त होगा।
आयोजक विधायक रवि शर्मा ने आज आयोजित प्रेरा कॉन्फ्रेंस में दोनों धार्मिक आयोजनों की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि 4 दिसम्बर से 13 दिसम्बर 2016 तक झाँसी में धर्म एवं अध्यात्म से जुड़े दो महत्वपूर्ण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इन आयोजनों में झांसी सहित बुन्देलखण्ड और आसपास के क्षेत्रों से बढी संख्या में श्रद्धालुओं के सम्मिलित होने की उम्मीद है।
दिनांक 4 से 10 दिसम्बर तक श्री शिव महापुराण…..
विधायक रवि शर्मा ने बताया कि प्रथम आयोजन के अन्तर्गत 4 दिसम्बर से 10 दिसम्बर 2026 तक राधिका ऑर्किड के सामने, कानपुर रोड, झाँसी में अन्तर्राष्ट्रीय ख्यातिलब्ध श्रद्धेय पं. प्रदीप गिश्रा जी के जोजस्नी श्रीमुख से श्री शिव महापुराण एवं विशाल पार्थिव शिवलिंग निर्माण का आयोजन किया जाएगा। भगवान शिव की महिमा, मति, श्रद्धा और सनातन परम्पराओं से जुडे विभिन्न प्रसंगों का श्रद्धालुओं को श्रवण कराया जाएगा। कथा के माध्यम से भगवान शिव के प्रति आस्था, भारतीय धार्मिक परम्पराओं और आध्यात्मिक जीवन के महत्व को जन-जन तक पहुँचाने का कार्य करिए।
पार्थिव शिवलिंग निर्माण भी इस आयोजन का विशेष आकर्षण रहेगा। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार भगवान शिव की आराधना में पार्थिव शिवलिंग पूजन का विशेष महत्च गाना जाता है। इस आयोजन के माध्यम से श्रद्धालुओं को सामूहिक रूप से शिव आराधना एवं कथा श्रवण का अवसर प्राप्त होगा।
आयोजक मण्डल ने बताया कि श्री शिव महापुराण के आयोजन को लेकर श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह है। झाँसी में इस प्रकार के बड़े धार्मिक आयोजन से शहर के जन-जन में सुख शान्ति एवं रामृद्धि के लिए धार्मिक एवं सांस्कृतिक वातावरण को भी नई ऊर्जा मिलेगी।
दिनांक 11 से 13 दिसम्बर तक श्री हनुमंत कथा
श्री शिव महापुराण के आयोजन के पश्चात् 11 दिसम्बर से 13 दिसम्बर 2026 तक इसी स्थल पर श्री हनुमंत कथा का आयोजन किया जाएगा। इस अवसर पर स्वनामधन्य श्रद्धेय श्री धीरेन्द्रकृष्ण शास्त्री जी., पीठाधीश्वर श्री श्री 1008 श्री बागेश्वर धाम सरकार के ओजस्वी श्रीमुख से श्री हनुमंत कथा का श्रवण कराया जाएगा।
श्री हनुमान जी भारतीय चनातन परम्परा में भक्ति, सेवा, समर्पण, साहस और प्रभु श्रीराम के प्रति अटूट निष्ठा के प्रतीक माने जाते हैं। श्री हनुमंत कथा के माध्यम से श्रद्धालुओं को भगवान श्रीराम एवं श्री हनुमान जी की भक्ति, धर्म, संस्कार और सेवा के संदेश से जुड़ने का अवसर मिलेगा।
आयोजक विधायक रवि शर्मा ने कहा कि दोनों आयोजन कंवल धार्मिक कार्यक्रम नहीं है. बल्कि झांसी के जनमानस की सुख, शान्ति और समुद्धि की कामना के साथ सनातन संस्कृति, आध्यात्भिक चेतना और सामाजिक एकता का संदेश देने बाले अवसर हैं। इन आयोजनों के माध्यम से नई पीढ़ी को भी भारतीय संस्कृति एवं धार्मिक परम्पराओं से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा।
श्रद्धालुओं से सहभागिता का आहवान
विधायक रवि शर्मा ने आँसी एवं आसपास के जनपदों के समी श्रद्धालुओं, धर्मप्रेमी नागरिकों और सनातन संस्कृति में आस्था रखने वाले लोगों से दोनों आयोजनों में सहभागी बनने का आश्वान किया।
उन्होंने कहा कि झांसी की चरती धार्मिक एवं ऐतिहासिक दृष्टि से विशेष महत्व रखती है। ऐसी पावन धरती पर संतों के श्रीमुख से कथा श्रवण का अवसर पूरे क्षेत्र के लिए आध्यात्गिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है। उन्होंने सभी श्रद्धालुओं से शान्तिपूर्ण एवं अनुशासित वातावरण में कथा का श्रवण करने तथा आयोजन को सफल बनाने में सहयोग करने की अपील की।आयोजक मण्डल द्वारा कार्यक्रम में आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए आवश्यक व्यवस्थाएँ सुनिश्चित करने की तैयारी की जा रही है। आयोजन स्थल पर श्रद्धालुओं की सुविधा, बैठने की व्यवस्था तथा अन्य आवश्यक प्रबन्धों को लेकर सम्बन्धित स्तर पर तैयारियों की जा रही हैं।
आयोजक विधायक रवि शर्मा ने कहा कि उनका मुख्य उद्देश्य झाँसी के जनमानस को सुख, शान्ति एवं समृद्धि के लिए ऐसे आध्यात्मिक आयोजनों से जोड़ना है, जहाँ श्रद्धालु कथा श्रवण के साथ-साथ भारतीय संस्कृति, धर्म और जीवन मूल्यों के संदेश को समझ सकें।
उन्होंने कहा कि ‘धर्म और अध्यात्म व्यक्ति के जीवन में संस्कार, सेवा, सद्भाव और सकारात्मक सोच को मजबूत करने का माध्यम हैं। झाँसी की जनता को इन दोनों आयोजनों में सहभागी बनने का अवसर मिलना हम सभी के लिए सौभाग्य की बात है। उन्होंने समस्त संत समाज, धर्माचार्यों, सामाजिक संगठनों, धार्मिक संस्थाओं एवं
ऑसीवासियों से आयोजन को सफल बनाने में सहयोग की अपील की।
कार्यक्रम एक नजर में
श्री शिव महापुराण एवं पार्थिव शिवलिंग निर्माण
दिनांक: 4 से 10 दिसम्बर 2026
कथा वक्ताः अन्तर्राष्ट्रीय ख्यातिलब्ध श्रद्धेय पं. प्रदीप मिश्रा जी
स्थानः राधिका ऑर्किड के सामने, कानपुर रोड, झाँसी
श्री हनुमंत कया
दिनांकः 11 से 13 दिसम्बर 2026
कथा बक्ताः श्रद्धेय श्री धीरेन्द्र शास्त्री जी. पीठाधीश्वर श्री बागेश्वर धाम सरकार स्थानः राधिका ऑर्किड के सामने, कानपुर रोड, झाँसीसमस्त श्रद्धालुओं से सादर आग्रह
आइए, झाँसी की पावन धरती पर होने वाले इस आठ दिवसीय आध्यात्मिक महाआयोजन में सहभागी बनें और श्री शिव महापुराण एवं श्री हनुमंत कथा का श्रवण कर धर्म, मक्ति, संस्कार एवं सनातन संस्कृति के संदेश से जुड़े।
